धरा मुस्काई
पेड़ों से छनकर , धरा पे धूप जब आई , धरा मुस्काई ,
शीतल सी बयार , कोंपलों से टकराई ,धरा मुस्काई ,
बद्र की रिमझिम बूँदें , धरा से टकराई ,धरा मुस्काई ||
परिंदो की मीठी तान , जग में छाई , धरा मुस्काई ,
उछलती नदिया की ,छल-छलाहट आई,धरा मुस्काई ,
सागर की लहरों की उछाल , जब आई ,धरा मुस्काई ||
फूलों की रंगत पर, जब तितलियाँ आईं ,धरा मुस्काई ,
फूलों की महक से ,जब महकी अँगनाई ,धरा मुस्काई ,
साँझ की लालिमा ,जब गगन पे छाई , धरा मुस्काई ||
रात का अँधियारा छाया ,गगना से चाँदनी उतर आई ,धरा मुस्काई ,
धीरे -धीरे तारों की बारात जगमगाई , धरा मुस्काई ,
सभी कुछ देख जग में ,धरा मुस्काई ,
धरा मुस्काई ,हाँ जी ,धरा मुस्काई ||