ईश - इच्छा
जिसका भरोसा टूटा इस जहां में ,
वह खुद ही टूट गया ,
जिसे धोखा मिला इस जहां में ,
वह धोखे में डूब गया , लूटा गया उसको ,
दुनिया रंग - बिरंगी है दोस्तों ||
हर कीमत , हर पग पर , चुकाते आए हैं दोस्तों ,
आगे क्या होता है ? यह तो ईश्वर ही जाने ,
उसी का भरोसा है हमको ,हम जानते हैं ,
ईश्वर हमारा भरोसा कभी नहीं तोड़ेंगे ||
हम कुछ भी माँगें , या ना माँगें ,
हम जानते हैं , ईश्वर हमें वह सब जरूर देंगे ,
जो हमारे भाग्य में लिखा है ,
और जो कुछ हमारे लिए अच्छा है ||
हे ईश्वर हमें ही नहीं , पूरे विश्व को ,
कुछ ऐसा ही देना , जो उनके लिए अच्छा है ,
हम पर भी उन्हीं के साथ रखना ,
अपनी कृपा बनाए रखना ईश ||