Saturday, May 16, 2026

NIIND AUR SAPANEY ( KSHANIKAA )

 

                         नींद और सपने 

 

रात का समां  , चमके चंद्रमा गगना में  ,

आई है निंदिया , ले के सपने आँखों में  ,

ना जाने कहाँ - कहाँ की ,सैर कराते ये सपने  ? 

ना  जाने किस - किस से , मिला देते ये सपने  ?? 

 

जिस किसी से हम , ना मिल पाते जागते हुए  ,

उन्हीं को सपने हमारे , सामने ले आते सोते हुए , 

हम को दुनिया की सैर , करा देते सोते हुए   || 

 

सपनों भरी मीठी नींद , होठों पर मुस्कान ले आती  ,

इन्हीं सपनों की याद , दिन में भी मुस्कान लाती  ,

ये सपने ही तो जरूरी हैं , हमारे जीवन में दोस्तों  ,

अपने सपने , अपनी  नींद  , ही तो जरूरी हैं दोस्तों  || 

 

Friday, May 15, 2026

MAUN ( KSHANIKAA )

 

                               मौन 

 

मौन ना जाने वाचाल की भाषा  , 

वाचाल ना जाने मौन की  ,

वाचाल की बातें , वाचाल का शोर  , 

दुनिया में चहुँ ओर है  || 

 

मौन को जो कोई भी  समझा है ,

वही  इस दुनिया को समझा  ,

वाचाल के शब्दों को  , 

हर कोई समझ जाता है    || 

 

मौन को समझो  , मौन को जानो  ,

दुनिया को भी पहचानो  ,

मौन जब मुखरित होता है  ,

हर कोई उसे समझ जाता है   || 

 

मौन की भाषा सबसे  सुंदर  ,

और सबसे शक्तिशाली है   ,

मौन की सुंदर भाषा को  ,

पूरी तरह  समझ जाओ दोस्तों   ||  

Thursday, May 14, 2026

SILSILAA ? ( JIVAN )

 

                       सिलसिला 

 

पुकारा है हमने तुम्हें दोस्तों  ,

जवाब जल्दी देना हमें दोस्तों  ,

कभी जब सभी आस - पास थे दोस्तों  ,

मिलते रहते थे जल्दी - जल्दी दोस्तों   || 

 

जीवन हरदम दोस्तों के बीच मुस्कुराता है  ,

जीवन हरदम दोस्तों के बीच गुनगुनाता है  ,

अब दूरियाँ बढ़ गईं हैं दोस्तों  ,

मुस्कानों का सिलसिला भी कम हुआ दोस्तों   || 

 

चलो आगे कदम बढ़ाते हैं दोस्तों  ,

संदेशों के जरिए मेलजोल बढ़ाते हैं  ,

मुस्कानों का सिलसिला भी आगे बढ़ाते हैं  ,

और दिल खोल कर गुनगुनाते हैं दोस्तों   || 

 

Wednesday, May 13, 2026

SHRIDDHAA ( AADHYAATMIK )

               

                             शृद्धा 

 

 जीवन के साथ ही  , मृत्यु का जुड़ाव है  ,

जैसे दिन के साथ ही , रात का जुड़ाव है दोस्तों  ,

धूप के साथ छाँव भी  , जुड़ी रहती है  ,

आने के साथ ही , जाना भी जुड़ा है दोस्तों   || 

 

ईश्वर ने जिसे भी , धरा पर भेजा है  ,

किसी ना किसी उद्देश्य के  , साथ भेजा है  ,

और उद्देश्य के पूरा होने पर उसे  ,

अपने पास ही वापिस बुलाया है दोस्तों   || 

 

अपने जीवन में उसी उद्देश्य को  ,

पूरा करके , कर्त्तव्य निभा लो दोस्तों  ,

और ईश्वर के प्रति अपनी शृद्धा को  ,

अर्पण करते जाओ दोस्तों   || 

 

Tuesday, May 12, 2026

DUNIYA SOCH MEIN ( AADHYAATMIK )

 

                         दुनिया सोच में 

 

एक ये दुनिया है दोस्तों , जिसमें हम हैं  ,

एक वो दुनिया है दोस्तों ,जिसमें परमात्मा है  ,

हमारी सोच में ,हमारे ख्यालों में  परमात्मा है ,

वही दुनिया तो ,इस दुनिया से अलग है   || 

 

 वो सोच ,वो दुनिया तो , बिल्कुल अलग है  ,

वो दुनिया तो प्यार में डूबी है  ,

परमात्मा के आशीष  डूबी है  ,

उस परमात्मा के साथ ही  ,

उस सोच , उस दुनिया को नमन है   || 

 

मैं तो उस दुनिया की सोच में डूबी हूँ  ,

आओ दोस्तों तुम भी ,उसी दुनिया में खो जाओ  ,

प्यार दो , सम्मान दो ,नमन करो ,उस दुनिया को  ,

तभी तो तुम्हें भी प्यार , और आशीष मिलेगा   ||  

Monday, May 11, 2026

GUNGUNAAEGAA ( KSHANIKAA )

 

                    गुनगुनाएगा 

 

साजों पर सुर जब सजे तो  ,

धड़कनों में ताल बज उठी  ,

जिससे दिल मचल गए दोस्तों  , 

एक लंबी सी साँस लेकर  ,

कलम कागज पर दौड़ चली    || 

 

प्यार के शब्द लिखे गए  ,

जो दिल को तेजी से धड़का गए  ,

होठों पर मुस्कान ले आए  ,

तो आँखें भी चमक उठीं  , 

और कलम , कागज बन गए हैं दोस्त   || 

 

कागज को उठा लो दोस्तों  ,

कलम को  हाथ में पकड़ो और  ,

दौड़ा दो कलम को उस कागज पर  ,

जब शब्द कागज पर उकेरे जाएँगे  ,

तब जीवन मुस्कुराएगा दोस्तों  ,

प्यार दिल में गुनगुनाएगा दोस्तों   ||  

Sunday, May 10, 2026

AUM NAMH SHIVAAY ( AADHYAATMIK )

 

          ॐ नमः शिवाय 

 

       ॐ नमः शिवाय  ,

       ॐ नमः शिवाय  ,

    खुशियाँ तुम्हें बुलाएँ   || 

 

ॐ नमः शिवाय  , ॐ नमः शिवाय  ,

सबका जीवन मुस्काए   || 

 

        ॐ नमः शिवाय  , 

        ॐ नमः शिवाय  ,

हर कोई सफलता पाए   ||  

 

ॐ नमः शिवाय , ॐ नमः शिवाय  ,

 हर राह पार हो जाए   || 

 

       ॐ नमः शिवाय  , 

        ॐ नमः शिवाय ,

दोस्तों को दे मिलाय   ||