Wednesday, October 21, 2026

LAABH ( KSHANIKAA )


                       लाभ 


उम्र जो बढ़ती जाए  , तो बढ़ने दो  ,

उम्र तो बढ़ेगी ही  ,

उम्र तो एक नंबर ही है  , जो बढ़ेगा  ही ,

ये तो  सीढ़ी चढ़ता ही है , उतरता नहीं    || 


परेशान ना हो  दोस्तों , उम्र के बढ़ने से  ,

रिटायर होने पर ही तो  ,

अधूरे शौक पूरे करने का ,समय मिलता है दोस्तों  || 


समय की कमी के कारण , जो सपने पूरे नहीं हुए  ,

अब वही सपने पूरे होंगे  ,

तो दोस्तों पूरे करो अपने सपने   || 


अनुभव का खजाना , आप के पास भरपूर है  ,

उस खजाने से निकालकर , अनुभव बाँटो दोस्तों  ,

उन अनुभवों से , आने वाली पीढ़ी  ,

लाभ उठाएगी दोस्तों  , लाभ उठाएगी   || 



Tuesday, October 20, 2026

SOCH ( JIVAN )


                         सोच 


सोच - सोच के जो चले  , हर सोच है अलग  ,

एक सोच मुस्कान की , दूजी सोच है उदास  ,

कौन सी सोच अपनाओगे  दोस्तों   ?? 


दिल जो सोचे  , उससे उमड़े मुस्कान  ,

दिमाग की सोच तो  , है तर्क की खान  ,

 किस से तुम सोचोगे दोस्तों    ?? 


राह पकड़ लो सोच कर , जो चमन को जाए  ,

मिलेंगे फूल वहाँ पर  ,जो महक फैलाएँ   ,

किस तरह चुनोगे  ,राह तुम दोस्तों    ?? 


पहुँचोगे गर चमन में  , तुम फूलों के बीच  ,

महकेंगी साँसें वहाँ , जब रुकोगे फूलों के बीच  ,

सोचो जग को कैसे  , महकाओगे दोस्तों   ?? 



JINDAA - DILII ( JIVAN )


                          जिंदा - दिली  


हमने सुना था ---  जिंदगी जिंदा दिली का नाम है  ,

                   मुर्दा दिल क्या खाक जिया करते हैं    ,

       सच है दोस्तों , लंबा समय जिंदगी का बीत गया  ,

        बाकि समय , जिंदा दिली से बिताना है  ,

                  हर कदम संभल कर और  ,

              मुस्कुरा कर , मजबूती से उठाना है   || 


              जिस ओर दिल कहे चलो  ,

              दोस्तों उसी ओर बढ़े चलो  ,

             जो करने को दिल कहे  ,

            दोस्तों उसी को करते चलो   || 


         ये जिंदगी हमारी है  , जो ईश्वर ने दी  ,

          ये आशीर्वाद है , हमारे लिए दोस्तों  ,

          तो प्यार से , इसे बिताओ दोस्तों ,

        और  दोस्तों की संख्या , बढ़ा लो दोस्तों   ||  

 

Sunday, October 18, 2026

KHO GAE ( PREM )

 

                        खो गए 


प्यार - प्यार , करते - करते , तुम पे मरते - मरते ,

हम कहाँ पे आ गए दोस्तों   ?

जीवन में हँसते - हँसते  , गाते - गाते और मुस्काते ,

हम कहाँ पे खो गए दोस्तों  ?? 


जीवन का हर रास्ता अनजाना है  ,

जिसमें छिपा प्यार का खजाना है  ,

उसी खजाने को तो  ,

बताओ कैसे ढूँढना है दोस्तों    ?? 


मिला जो प्यार का खजाना , डूब जाएँगे उसमें  ,

दिल और दिमाग , दोनों ही खिलखिलाएँगे  ,

बताओ कैसे समेटें  , वो खजाना दोस्तों   ??  


Saturday, October 17, 2026

ULJHANON KAA JALAA ( KSHNIKAA )


                  उलझनों का जाला  


मकड़ी ने बुना जब जाला ,

मच्छर , मक्खी , कीड़ों के लिए  ,

मच्छर आदि मकड़ी के शिकार बन गए ,

और मकड़ी जाले बुनती गई   || 


मकड़ी खुद जाले में नहीं फँसती ,

दूसरों को ही , अपने जाले में फाँसती  ,

समझदार मकड़ी  , दूर ही जाले से रहती  ,

दूर रहकर ही , शिकार करती रहती   || 


मानव समझ , सबसे ज्यादा रखता  ,

दूजों के लिए ही , ताना - बाना बनाता रहता  ,

मगर मानव खुद ही , उसमें उलझता जाता  ,

क्यों नहीं मानव , उन उलझनों से बचता  ? 

कौन देगा  ---  इस प्रश्न का उत्तर   ?

क्या कहा आपने   --- मानव देगा   ?

वो तो खुद ही उलझा है  ---  उत्तर क्या देगा   ??  


Friday, October 16, 2026

KAUN DEY UTTAR ? ( JIVAN )


                 कौन दे उत्तर ?


बहुत से सवाल , जगते हैं दिल - दिमाग में  ,

मगर उनका उत्तर नहीं मिलता  ,

सवाल सब जीवन के बारे में हैं  ,

मगर उत्तर नहीं मिलता   || 


कहाँ से मिलेंगे ये उत्तर  ?

कौन देगा हमें ये उत्तर  ?

ईश्वर देगा तो कब देगा  ?

क्या होगा वो उत्तर   ?

अगर ईश्वर देता तो , दिल - दिमाग में मिलता  || 


सवाल हमारे अंदर क्यों जगे  ?

अनगिनत सवालों में जिंदगी उलझी है  ,

उन सवालों को सुलझाने के लिए  ,

भी तो कोई चाहिए  , वो कौन है  ?? 


काश कोई मिल जाए  , जो हमें  ,

उत्तर सुझा दे  , और हमें सुकून दे  ,

आप भी तो कुछ बताओ दोस्तों    || 

Thursday, October 15, 2026

JAGII MUSKANEN ( JIVAN )


                    जगी मुस्कानें  


शीतल सी बयार , कहाँ पर गई दोस्तों  ?

चल रही थी पहले तो , अब कहाँ गई दोस्तों  ?

होठों पर मुस्कान  , ला रही थी पहले तो  ,

कहाँ पर वो रुक गई दोस्तों  ?? 


क्या किसी ने रोक लिया  दोस्तों  ?

क्या पिंजरे में कैद किया , उसको दोस्तों  ?

चलो उसको छुड़ाते  हैं  दोस्तों  ,

और उसके साथ हम भी , बहते जाते हैं दोस्तों   || 


प्यारी सी वह बयार है  ,

उसे भर लेते हैं साँसों में  ,

सुकून का वह भंडार है  ,

जीवन देती वह भरपूर है  ,

चलो मुस्कानें जगा देते हैं  दोस्तों   || 


Wednesday, October 14, 2026

VAADAA ( PREM )


                       वादा 


वादे जो  किए  हमने किसी से  ,

हर बार हमने निभाए  ,

ईश्वर ना करें , कि हमसे ,

कोई   किया वादा टूट जाए   || 


वादे  थे कुछ छोटे  , कुछ बड़े  ,

पूरे सभी हुए  , चाहे छोटे या बड़े  ,

दिल को है सुकून बहुत   ,

हमने कोई वादे नहीं तोड़े  || 


तो दोस्तों सदा विश्वास तुम रखना  ,

हर सुबह हम यूँ ही मिलते रहेंगे  ,

साँस रहने तक यूँ ही याद करते रहेंगे  ,

यही वादा है हमारा  , यही वादा है  ,

पूरा करो  , वादा ना तोड़  , वादा ना तोड़  || 

Tuesday, October 13, 2026

KHULAA JHAROKHA ( JIVAN )


                   खुला झरोखा  


यादों के झरोखे को आज  , खोला हमने ,

तो सभी दोस्त खड़े थे  , हमारे सामने  ,

मानो आ गए सब दोस्त  , हमसे मिलने   || 


पुराना समय चलचित्र , बन गया  ,

सारी बातें चमक गईं  , परदे पर  ,

सारी खिलखिलाहटें  , लगीं गूँजने   || 


पुराना समय हमारे आज पर  , छा गया  ,

हरेक किस्सा याद आता  , चला गया  ,

आज फिर से दिल  , जिंदगी की  ,

भाग - दौड़ में खो गया  , हमारे सामने   || 


कुछ पलों के लिए , दोस्तों  ,

वो सुंदर और यादों में , बसा जमाना  ,

जीवंत हो उठा , हमारे सामने  ,

हम भी मुस्कुरा उठे  , दोस्तों  ,

देखकर खुली आँखों के  , ये सपने ,

और वापस आ गए हम , आज में   || 

 


Monday, October 12, 2026

ULJHANN ( JIVAN )


                         उलझन 


मन की बात , कौन समझा है दोस्तों  ?

अपने ही मन की बात , छिपी रहती है मन में  ,

दूजों के मन की बात  , कैसे समझ सकते दोस्तों  ??


बातों की उलझन ही में  , दिल उलझा जाता  ,

उसी उलझन को , कोई ना सुलझाता  ,

कहने से शायद  , ये उलझन सुलझे दोस्तों   || 


दोस्तों से जो मन खोला , सुलझेगी उलझन  ,

तो खोलो अपना मन  , सुलझाओ उलझन  ,

खुद भी समझ जाओ  , अपने मन की उलझन  ,

दोस्तों को भी समझाओ , अपने मन की उलझन  ,

खोल दो उलझन की गाँठें  , मुस्कुराओ दोस्तों   || 


Sunday, October 11, 2026

POOREY KHWAAB ( PREM )


                  पूरे ख्वाब 


ना हूँ मैं गीतकार , और ना संगीतकार  ,

मगर मेरी लेखनी है , शब्दों का खजाना ,

उन शब्दों से  , गीत जन्म  ले  लेते हैं  ,

मेरा दिल उन गीतों में  , प्यार भर देता है   || 


मेरे दिल में प्यार का , सागर है  दोस्तों  ,

जो शब्दों से मिलकर  , प्यारे गीत बनाता है  ,

दिल में प्यार के साथ  , संगीत भी है दोस्तों  ,

जो गीत को , संगीत भी दे देता है   || 


ये सब मुझे ना गीतकार बनाता है  , ना संगीतकार  ,

ना ये सब मेरा , व्यवसाय है दोस्तों  , 

ये तो मेरे  , दिल की आवाज है  ,

मेरी लेखनी से , जन्में शब्द हैं   दोस्तों   ||  


मेरा शौक , मेरा प्यार हैं  ये  सब ,

जो मुझे सुकून और , मुस्कानें देता है दोस्तों  ,

यही सब तो मेरे ख्वाब  , पूरे कर देते हैं  ,

ख्वाब पूरे होना ही तो  , आँखों में चमक ला देता है ||

 

Saturday, October 10, 2026

MAHAKTIN MUSKANEN ( PREM )


                  महकतीं मुस्कानें  


मुस्कान जो चमकेगी , सारा जग मुस्काएगा  ,

कलियाँ जब चटखेंगी ,सारा चमन रंगों  से भर जाएगा  ,

फूलों के खिलने से तो  , सारा जहां महक जाएगा   || 


अब खिलाओ मुस्कानें , जहां को महका दो  ,

दोस्तों यही तो रास्ता है सुंदर  , इसी पर चल दो  ,

चलते - चलते हुए दोस्तों  , मंजिल को पा  लो  || 


रंगों भरी इस दुनिया में  , इंद्रधनुष सजा दो  ,

नीचे चमन सजेगा  , आकाश में इंद्रधनुष  ,

इस सबसे दोस्तों  , आँखों में चमक जगा दो   || 


अब देखो दोस्तों  , ये महका रंगीन जहां  ,

कैसा रंग बिखराएगा  , प्यार उगाएगा  ? 

ये प्यार ही  तो  , इस जग को सुंदर बनाएगा   || 


Friday, October 9, 2026

USS PAAR ( JIVAN )


                        उस पार  


जीवन की लंबी राहें , धीरे से होंगी पार  ,

खुशियाँ आएँगी हर दम  , महकेगा सारा संसार  || 


कदम - कदम , चलते - चलते  , राहें होतीं पार  ,

मुस्कानें खिलतीं हैं होठों  ,   दिल में भरता प्यार   || 


साथ मिलता है जब ,  दोस्तों  का ,

दिल भी खिल जाता है  ,

जीवन की राहों में तब , रंग हरेक भर जाता है  || 


ऐसे ही बीतेगा जीवन , प्यार में डूब - डूब के  ,

मुस्कान लिए हम पहुँचेंगे फिर  ,

जीवन के उस पार , हाँ दोस्तों  , उस पार   || 



Thursday, October 8, 2026

DEKHO TO ( JIVAN )


                       देखो तो  


कुछ तो तुम समझ लो दोस्तों  ,

दुनिया का चाल - चलन दोस्तों   ,

दुनिया तो मतलब अपना निकालती है दोस्तों  ,

मतलब पूरा होते ही  , रास्ता बदलती है दोस्तों   || 


दूसरों को दुःख देकर  , खुश होने वाले  ,

दूसरों को आँसू देकर , खिलखिलाने वाले ,

दूसरों के सहारे छीनकर  , खुद सीढ़ी चढ़ने वाले  ,

तुम क्यों उनकी बातें  , दिल को लगाओ दोस्तों   ?? 


कोई कुछ भी बोल रहा , बोलने दो  ,

दिल को कुछ ना लगाओ , चुप रहकर सुनो  ,

आँखें भी बंद कर लो तुम  ,

जब सामने वाला चुप हो जाए  , तो अपने दिल में बोलो  ,

इसके दिमाग का पेच ढीला है  , करके देखो तो दोस्तों ,

तुम्हारा दिल सुकून से भर जाएगा दोस्तों  ,

अब तुम मुस्कुराओ तो जरा दोस्तों   || 


Wednesday, October 7, 2026

MEETHAPAN ( PREM )


                  मीठापन   


व्यवहार में मिठास आई तो  ,

होठों पर मुस्कान भी आएगी  ,

आँखों में  खुशी  की चमक आएगी  ,

तो क्या ख्याल है दोस्तों  ?  शुरु करें  ??


आपको कोई  हँसाने वाला दोस्त  ,

मिले ना मिले , कोई बात नहीं  ,

तुम खुद ऐसा दोस्त बन जाओ  ,

अपने दोस्तों को मुस्कानें बाँट दो   || 


अधिक  सोचो  मत दोस्तों  ,

समय व्यर्थ ना गँवाओ दोस्तों  ,

चलो सभी दोस्तों को  , इकठ्ठा करते हैं  ,

और मुस्कानों की मिठास  , बाँट देते हैं  ,

सोचते रहे तो मिठास का  , मीठापन खो जाएगा   || 





Tuesday, October 6, 2026

NEEND ( JIVAN )


                            नींद 


शांत रखो अपना दिल और दिमाग  ,

ना सोचो बहुत कुछ बातें  ,

ज्यादा सोचने से अशांत होंगे  , दिल और दिमाग  ,

अशांति में नींद भी अच्छी नहीं आती   || 


नींद अच्छी ले लो दोस्तों  ,

नींद पूरी होगी तो , 

दिन में तरोताजा रहोगे दोस्तों  ,

नहीं तो दिन में  , नींद में डूबे रहोगे दोस्तों   || 


तरोताजा होने  पर , सभी काम आराम से  ,

अच्छे स्वास्थ्य के साथ , पूरी लगन से कर पाओगे  दोस्तों  ,

किसी भी काम में , गड़बड़ी नहीं होगी दोस्तों   || 


ऐसे ही तो जीवन का आगे का  ,

मार्ग साफ दिखाई देगा दोस्तों  ,

और राहें पार करने में ,

कोई कठिनाई नहीं होगी दोस्तों    || 


Monday, October 5, 2026

SAATHII MEREY ( JIVAN )


                    साथी मेरे 


हर पल नहीं एक जैसा होता  , साथी मेरे  ,

कोई पल खुशी में डूबा होता , साथी मेरे  ,

और कोई पल गम दे जाता , साथी मेरे  ,

मगर रुकता नहीं है कोई भी पल  , साथी मेरे   || 


बीतता चला जाता है हर पल  , साथी मेरे   ,

तो थोड़ा भी गमगीन ना  हो  , साथी मेरे   ,

मुस्कानों के साथ चलते चलो  , साथी मेरे  ,

जीवन सुंदरता से भर जाएगा  , साथी मेरे   || 


दिन बीत जाता है , रात बीत जाती है  ,

जिंदगी ऐसे ही , बीतती चली जाती है  ,

दुनिया के साथ - साथ  , ईश्वर का समय भी ,

बीतता चला जाता है  , साथी मेरे    || 


ईश्वर भी बालपन बिताते हैं  ,

बड़े होते जाते हैं  , मित्रता निभाते हैं  ,

समय को तो , ईश्वर भी ना रोक पाते हैं  ,

तो चलो हम भी समय बिताएँ  , साथी मेरे   || 




Sunday, October 4, 2026

SUBAH AAII ( CHANDRAMAA )


                           सुबह आई 


चाँद खिड़की से जब झाँका , हम दोनों मुस्काए  ,

तभी निंदिया ने दस्तक दी , और हम दोनों सो गए  ,

नींद में सपनों ने डेरा डाल लिया  ,

अलग - अलग दुनिया में हम दोनों खो गए   || 


सपनों में हम बहुत जगह घूमें  ,

बहुत से लोगों से मुलाकात हुई  ,

समय बीतता रहा ,तो रात भी बीतती गई  ,

चाँद का सफर भी , धीरे - धीरे खत्म हुआ  || 


धीरे से सुबह का तारा चमका  ,

भोर की लालिमा , गगन पे छाने लगी  ,

धीरे - धीरे सूरज , चमका गगन में  ,

सूरज ने दुनिया को , अपनी किरणें दीं  ,

और सुबह आ गई  , इस दुनिया में   || 


Saturday, October 3, 2026

SUN BADARAA ( JALAD AA )


                          सुन बदरा 


रुई की पतली परत जैसे बदरा  ,

सूरज की किरणें भी , जिसे भेद पाएँ  ,

आसमान का रंग भी  , ऐसा हल्का नीला  ,

मानो  सफेद कपड़े में  , किसी ने नील लगाया हो   || 


पवन के साथ उड़ते , हल्के बदरा  ,

सूरज की किरणों को  , स्वयं से  ,

 रास्ता देते बदरा  , पवन के संग  ,

हिलते , डुलते  , प्यारे बदरा  || 


क्या बात है  ? सुन बदरा मेरी बातें  ,

गरजन  मत करना  बदरा  ,

बस रिमझिम बरखा बरसाना  ,

हरियाली को खूब बढ़ाना  बदरा   || 


Friday, October 2, 2026

DOST SAAGAR ( RATNAAKAR )


                         दोस्त सागर  


कभी तो सागर तू , आजा मेरी कुटिया में ,

जिंदगी खिल जाएगी तेरी , मेरी कुटिया में   || 


करोड़ों बरसों से सागर , ना सोया तू एक पल ,

आज आजा सो जा सागर  , तू मेरी कुटिया में   || 


क्यों करता इतना काम , कुछ तो कर ले  आराम  ,

आजा कर ले तू आराम , मेरी कुटिया में  || 


तेरी तो लहरें सागर , करतीं हैं अठखेली  ,

दिखला उनकी अठखेली  , तू मेरी कुटिया में  || 


तेरे घरवाले जो , पसंद करेंगे खाना ,

मैं वही खिलाऊँगी उनको  , मेरी  कुटिया में   ||