Monday, January 26, 2026

AAINAA ( KSHANIKAA )

 

                         आईना 

 

आज यारों आईने ने बात की हमसे  ,

बोला  -- " क्या हाल है  ?"

" जिंदगी कैसी चल रही है  ?"

मैंने कहा  -- " अच्छी चल रही है  || "

 

वह बोला  -- " फिर आँखों की चमक कहाँ गई  ?

आँखों का काजल कहाँ गया  ?

होठों की मुस्कान कहाँ खो गई  ?

वापिस   बुलाओ तीनों को  , चेहरा सजा लो   || "

 

वह फिर बोला -- " कहाँ गए हाथों के कंगन  ?

जब तक कंगना नहीं खड़केंगे ,

तेरा दिल  नहीं धड़केगा  ,

तो दिल की धड़कन के लिए ,

पहन ले तू अपने कंगना  || " 

 

उसका कहना माना , वही किया जो उसने कहा  ,

यारों आईना खुश हो गया  ,

और बोला  --  " अब हुई ना कोई बात  ,

अब मेरी दोस्त लगती हो , सुंदर लगती हो  ,

अब आगे भी ऐसी ही  रहना  , ऐसी ही रहना   || " 

 

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