Friday, January 30, 2026

KARM - FAL ( JIVAN )

 

                           कर्म - फल 

 

धरती और गगन के बीच में  ,प्यार सभी का पले  ,

हर जीव - जंतु इन्हीं दोनों के , बीच में ही पले  ,

सारी सुविधा सभी को इन्हीं के  , बीच में मिले   || 

 

कुछ जीव तो सुंदर कर्म करें , और जीवन चले  ,

उनके सुकर्मों से उनका  जीवन , सुंदर राह चले  ,

जो यह बात ना समझे , उनका जीवन उखड़ चले   || 

 

तो जानो और समझो दोस्तों  , क्या चाहते हो तुम   ?

कैसा जीवन - यापन ,करना चाहो तुम  ?

कर्मों के अनुसार ही तो , सब को फल मिले  ,

तो सुंदर कर्म कर लो तुम  , कर लो सुंदर कर्म तुम   || 

 

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