Saturday, June 27, 2026

AHASAAS ( PREM )

 

                               अहसास 

 

सनसनाती हवा उड़ी  , सभी को साँसों का उपहार देती  ,

बदरा को उड़ाती साथ - साथ  , बरखा को धरा तक पहुँचाती  ,

दामिनी की चमक और , कड़कड़ाहट को गुँजाती  ,

आओ हवा को प्यार करो दोस्तों   || 

 

हवा जो बहती कभी धीरे  , कभी तेज  ,

धीरे बहे तो बयार है  , तेज बहे तो आँधी  है  ,

बयार देती साँसें , आँधी जग को नुकसान पहुँचाती , 

आओ बयार को प्यार करो  दोस्तों   || 

 

कोई रंग नहीं है हवा का  , ना रूप है   ,

सिर्फ अहसास ही अहसास है  ,

 ये  अहसास ही होठों पर  , ला देता मुस्कान है  ,

आओ इस अहसास को  , प्यार करो दोस्तों   || 

 

जग में अहसास ही तो  , दिल में प्रेम जगाता है ,

बाकि कोई भाव ऐसा नहीं , जो दिल में प्रेम जगा सके   || 

 

 

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