Wednesday, June 10, 2026

BADALAA PRAKRITI KAA ( KSHANIKAA )

 

                        बदला प्रकृति का  

 

ईश्वर ने जब दुनिया बनाने की शुरुआत की  ,

तो एक बड़ी गूँज हुई  , जो ईश्वर के ,

पूरे कार्य को आगे बढ़ा गई  ,

जो मैटीरियल था , उसे फैला दिया  ,

इसे नाम मिला बिग बैंग  ( बड़ी गूँज  )  || 

 

बिग बैंग से उत्पन्न छोटे - बड़े टुकड़े  ,

चारों तरफ को सभी जा बिखरे  ,

बीच के टुकड़े के चारों और घूमें , 

गोल घूमते हुए सभी गोल हो गए   || 

 

धीरे - धीरे ये पिंडठंडे हुए  ,

बीच का गर्म पिंड  सभी को ऊर्जा देता रहा ,

 उन्हीं में से एक पिंड पर जीवन जन्मा ,

सभी जीव - जंतु , वनस्पतियाँ और मानव   || 

 

आज मानव विज्ञान के सहारे  ,

बहुत आगे बढ़ चला , मगर उसने ,

प्रकृति को तबाह कर दिया  ,

और उसी का बदला , प्रकृति मानव से  ,

लेती जा  रही है  ,

मानव को डुबाती जा रही है  ||  

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