Friday, April 10, 2026

WAKT KII BAAT ( KSHANIKAA )

 

                         वक्त की बात  

 

छोड़ो  कल की बातें  , कल की बात पुरानी ,

आने वाले कल की  , सारी बातें  सपनी  ,

आज की ही बातें दोस्तों  , हैं सिर्फ अपनी   || 

 

बीते कल को दोस्तों  , बदला नहीं जा सकता  ,

आने वाले कल के बारे में , सोचा नहीं जा सकता  ,

आज को ही दोस्तों  , एन्जॉय किया जा सकता   || 

 

आज का दिन भी दोस्तों  , कल को कल हो जाएगा  ,

आने वाला कल भी कल को  , आज हो जाएगा  ,

ये तो वक्त है दोस्तों  , प्रतिपल  , प्रतिक्षण ,

बदलता जाता है , बीतता ही जाता है   ,

तो अफसोस ना करना दोस्तों  ,

अच्छा हो या बुरा  , सारा वक्त बीत ही जाता है   || 

 

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