Friday, April 24, 2026

VISHWAAS ( KSHANIKAA )

 

                             विश्वास 

 

मानव जब यह सोचता , सब कुछ मानव करता है  ,

तब तो दोस्तों संघर्ष से , सब कुछ चलता है  ,

मानव के हर कदम से , बनने से अधिक बिगड़ता है  ,

और इसी रास्ते में , मानव तनाव में डूबता है   || 

 

पर जब मानव ने सोचा  , ईश्वर सब कुछ करता है  ,

तब हुआ दूर तनाव  , और भरोसा बढ़ता गया है  ,

ईश्वर पर इस भरोसे ने  , मानव का विश्वास बढ़ाया है  ,

और रात भर मानव फिर , चैन की नींद में सोता है   || 

 

तो मानव  भरोसा कर , उस रचनाकार पर  ,

उसी ने ये ब्रह्मांड बनाया , उसी ने पृथ्वी पर जीवन जगाया ,

तू तो एक कठपुतली है  , जिसकी डोर रचनाकार के हाथ में है  ,

विश्वास कर उसी पर , मानव विश्वास कर उसी पर   || 

 

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