दिसंबर 2025
हर साल दिसंबर आता है , आकर चला जाता है ,
साल बीत जाता है , नया साल आ जाता है ,
एक जनवरी से शुरू हो कर नया साल ,
धीरे - धीरे दिसंबर तक पहुँच जाता है ,
और 31 दिसंबर साल का अंतिम दिन आता है ||
यह चक्र हर साल चलता जाता है ,
खट्टी - मीठी यादें छोड़ता जाता है ,
मगर समय तो अपनी गति से चलता जाता है ,
बीते पल तो वापिस नहीं आते ,
मगर बीते पल के बाद , नए पल आते हैं ||
तो हर पल को पूर्णतः जी लो दोस्तों ,
हर पल को मुस्कानों के साथ जी लो ,
कुछ हँसो और हँसाओ , मुस्कानें जगाओ ,
मगर हर पल मुस्कुराते जाओ ||
आज 31 दिसंबर 2025 भी आधा बीत चला है ,
मुस्कुरा कर उसे विदा करो ,
तैयार हो जाओ 1 जनवरी 2026 के स्वागत के लिए ,
हँसते हुए बाहें फैलाकर ,उसका स्वागत करेंगे दोस्तों ||
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